युद्ध और तेल की कीमतों में दबाव के बीच शेयर बाजार में मचा हाहाकार, निफ्टी 24,000 से नीचे; सेंसेक्स 2,000 अंक फिसला
ईरान युद्ध और बढ़ती तेल कीमतों के दबाव में भारतीय बाजार में भारी गिरावट, निफ्टी 24,000 के नीचे, सेंसेक्स 2,000 अंक फिसला, एशियाई बाजार भी दबाव में.
सोमवार की सुबह भारतीय शेयर बाजार में शुरुआती कारोबार में तेज गिरावट दर्ज की गई, जो वैश्विक बाजारों में कमजोरी का प्रतिबिंब थी. ईरान युद्ध के कारण निवेशकों की धारणा नकारात्मक रही, जिससे सेंसेक्स 2,000 अंक से अधिक गिर गया और निफ्टी 50 मानसिक 24,000 स्तर से नीचे चला गया.
विशेषज्ञों का कहना है कि तेल की कीमतें सोमवार को $105 प्रति बैरल के ऊपर पहुंच गईं, जिससे निवेशकों में बेचने का दबाव बढ़ा. इस गिरावट का असर न केवल भारतीय बाजार पर पड़ा बल्कि एशियाई बाजारों में भी कमजोरी देखी गई.
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निफ्टी और सेंसेक्स में शुरुआती कारोबार में कितनी गिरावट आई?
- Nifty 50 24,000 के स्तर से नीचे गिरकर 23,761.50 पर बंद हुआ.
- Sensex 2,000 अंक से अधिक फिसलकर भारी नुकसान दर्ज किया.
- GIFT Nifty, जो निफ्टी 50 के प्रदर्शन का प्रारंभिक संकेतक है, 2.3% गिरकर 23,761.50 पर आ गया.
क्या वैश्विक बाजारों में भी कमजोरी देखी गई?
सोमवार को एशियाई बाजारों में भी गिरावट देखी गई-
- जापान का Nikkei 225 6.05% गिरकर 53,000 के नीचे चला गया.
- दक्षिण कोरिया का Kospi 6.5% फिसला.
- ऑस्ट्रेलिया का ASX 200 शुरुआती कारोबार में 3.68% कमजोर हुआ.
विशेषज्ञों के अनुसार वैश्विक बाजारों की यह कमजोरी सीधे भारत के शेयर बाजार पर भी असर डाल रही है.
पिछली ट्रेडिंग में बाजार का रुख कैसा था?
पिछले शुक्रवार को भी बाजार दबाव में रहा-
- 30-स्टॉक सेंसेक्स 1,000 अंक से अधिक गिर गया.
- 50-स्टॉक निफ्टी लगभग 24,450 पर बंद हुआ.
विश्लेषकों का कहना है कि बढ़ती तेल कीमत और ईरान युद्ध जैसी भू-राजनीतिक परिस्थितियों ने निवेशकों में सतर्कता और बिकवाली का माहौल बनाया है.
निवेशकों के लिए क्या संदेश है?
विशेषज्ञों की राय है कि इस समय निवेशक धैर्य रखें और भावनाओं में बहकर तत्काल निर्णय न लें. लंबी अवधि के निवेशकों के लिए मजबूत थीम वाले स्टॉक्स में अवसर देखने का यह समय हो सकता है.




