इजरायल की राजनीति में हरेदी यानी अति-रूढ़िवादी यहूदी समुदाय का प्रभाव उसकी आबादी के अनुपात से कहीं ज्यादा अहम माना जाता है. इसकी वजह है इजरायल की गठबंधन आधारित राजनीतिक व्यवस्था, जहां सरकार बनाने के लिए नेसेट में 120 में से कम से कम 61 सांसदों का समर्थन जरूरी होता है. हरेदी समुदाय का प्रतिनिधित्व करने वाली दो प्रमुख पार्टियां यूनाइटेड तोराह जुडाइज्म (UTJ) और शास (Shas) हैं. ये पार्टियां धार्मिक शिक्षा, येशिवा के छात्रों को सैन्य सेवा से छूट और समुदाय से जुड़ी सरकारी सुविधाओं जैसे मुद्दों पर अपनी राजनीति करती हैं. अब चर्चा UTJ के संभावित राजनीतिक रुख को लेकर है, क्योंकि पार्टी के कुछ नेता प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के विरोधी गादी आइजेनकोट के नेतृत्व वाली सरकार को बाहर से समर्थन देने या उसके पक्ष में मतदान से दूरी बनाने पर विचार कर रहे हैं. वहीं शास प्रमुख आर्ये डेरी ने साफ किया है कि उनकी पार्टी लिकुड के बिना विपक्षी गठबंधन की सरकार में शामिल नहीं होगी.