मध्य प्रदेश की राजनीति में उस समय बड़ा विवाद खड़ा हो गया, जब कांग्रेस की राज्यसभा उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन का नामांकन खारिज कर दिया गया. कांग्रेस ने इसे लोकतंत्र पर हमला बताते हुए बीजेपी पर निशाना साधा है, जबकि बीजेपी का कहना है कि फैसला पूरी तरह चुनावी नियमों के तहत लिया गया है. मीनाक्षी नटराजन कांग्रेस की वरिष्ठ नेता और राहुल गांधी की करीबी सहयोगियों में मानी जाती हैं. उन्होंने मध्य प्रदेश से राष्ट्रीय राजनीति तक अपनी अलग पहचान बनाई और संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालीं. 2009 में मंदसौर लोकसभा सीट जीतने के बाद वह कांग्रेस के रणनीतिक चेहरों में शामिल हो गईं. अब उनका नामांकन रद्द होने के बाद यह मामला कांग्रेस और बीजेपी के बीच नए राजनीतिक टकराव का केंद्र बन गया है.