पंजाब कांग्रेस में प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को हटाकर प्रताप सिंह बाजवा नहीं, बल्कि पूर्व हॉकी ओलंपियन परगट सिंह को जिम्मेदारी दिए जाने के फैसले पर राजनीतिक बहस तेज है. वरिष्ठ पत्रकार नरेश शर्मा के मुताबिक, कांग्रेस हाईकमान के फैसले लेने में देरी और नेताओं की आपसी खींचतान पार्टी की चुनावी संभावनाओं को नुकसान पहुंचा सकती है. उनका कहना है कि राजा वड़िंग ने संगठन और कार्यकर्ताओं के बीच नेटवर्क बनाया था, जिसे चुनाव से ठीक पहले बदलने का असर पार्टी पर पड़ सकता है. नरेश शर्मा ने यह भी दावा किया कि पंजाब में कांग्रेस के नेताओं के बीच मुख्यमंत्री पद की दावेदारी को लेकर खींचतान है और पार्टी के साझा हितों से ज्यादा व्यक्तिगत महत्वाकांक्षाएं हावी दिख रही हैं. उनके मुताबिक, यदि अकाली दल और बीजेपी के बीच गठबंधन होता है, तो पंजाब के चुनावी समीकरण बदल सकते हैं और आम आदमी पार्टी के सामने मुकाबला ज्यादा चुनौतीपूर्ण हो सकता है.