यहां कोई समस्या नहीं है... ग्रेटर नोएडा के सरकारी स्कूल पहुंचे सौरभ दास तो भड़क गए स्थानीय लोग, गेट भी नहीं खोला, देखिए बहस का VIDEO
ग्रेटर नोएडा के देवला गांव में सरकारी स्कूल के निरीक्षण को लेकर CJP प्रवक्ता सौरभ दास और स्थानीय लोगों में बहस हो गई. विवाद का वीडियो वायरल है.
ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाना क्षेत्र के देवला गांव स्थित सरकारी स्कूल में निरीक्षण को लेकर विवाद सामने आया है. स्कूल में निरीक्षण के लिए पहुंचे CJP प्रवक्ता सौरभ दास और उनके साथ आए लोगों का स्थानीय लोगों ने विरोध किया. स्थानीय लोगों का आरोप है कि सौरभ दास और उनकी टीम बार-बार सरकारी स्कूलों में पहुंचती है, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है.
इसी बात को लेकर स्कूल के बाहर दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस हो गई. विवाद बढ़ने की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझाकर मामला शांत कराया.
तीन सरकारी स्कूलों में निरीक्षण के लिए पहुंचे थे सौरभ दास
जानकारी के मुताबिक, सौरभ दास अपने साथ कुछ लोगों को लेकर सूरजपुर थाना क्षेत्र के तीन सरकारी स्कूलों में निरीक्षण के लिए पहुंचे थे. इसी क्रम में उनकी टीम देवला गांव स्थित सरकारी स्कूल पहुंची. हालांकि, उनके स्कूल पहुंचने से पहले ही स्कूल का गेट अंदर से बंद कर दिया गया था. गेट बंद होने के कारण सौरभ दास और उनके साथ आए लोग स्कूल परिसर के अंदर नहीं जा सके. इसके बाद स्कूल के बाहर स्थानीय लोगों और उनके साथ आए लोगों के बीच बातचीत शुरू हुई. देखते ही देखते यह बातचीत बहस में बदल गई.
स्थानीय लोगों ने क्यों किया विरोध?
स्थानीय लोगों का कहना था कि वे इसी इलाके के रहने वाले हैं और स्कूल में किसी तरह की समस्या नहीं है. उनका आरोप था कि सौरभ दास और उनकी टीम पहले भी कई बार स्कूल में पहुंच चुकी है. स्थानीय लोगों ने सवाल उठाया कि बार-बार स्कूल में बाहरी लोगों के पहुंचने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है. इसी मुद्दे को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हुई.
विरोध कर रहे लोगों ने यह भी कहा कि अगर स्कूल में कोई समस्या है तो संबंधित विभाग और अधिकारियों से शिकायत की जा सकती है, लेकिन बार-बार स्कूल पहुंचकर निरीक्षण करने से स्कूल के सामान्य कामकाज पर असर पड़ता है.
स्कूल का गेट अंदर से क्यों बंद था?
इस घटनाक्रम में स्कूल का गेट अंदर से बंद होना भी चर्चा का विषय बना हुआ है. सौरभ दास और उनके साथ आए लोग स्कूल के बाहर ही रह गए. इसके बाद उन्होंने स्कूल के अंदर जाने की कोशिश की या नहीं, इसको लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं. सौरभ दास ने बाद में सोशल मीडिया पर इस घटना को लेकर सवाल उठाया और पूछा कि आखिर स्कूल क्यों बंद किए गए थे. हालांकि, स्कूल प्रशासन की ओर से गेट बंद करने को लेकर विस्तृत सार्वजनिक बयान सामने आना अभी बाकी है.
स्कूल के बाहर बढ़ी बहस, पुलिस पहुंची
स्कूल के बाहर दोनों पक्षों के बीच बातचीत के दौरान माहौल गर्म हो गया. वीडियो में लोगों को एक-दूसरे से बहस करते हुए देखा जा सकता है. विवाद बढ़ने की स्थिति को देखते हुए पुलिस को सूचना दी गई. सूचना मिलने के बाद सूरजपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने दोनों पक्षों से बातचीत की और उन्हें अलग कर शांत कराया. पुलिस की मौजूदगी के बाद स्थिति सामान्य हुई.
सौरभ दास और उनके साथ आए लोग पीछे हटे
वायरल वीडियो में बहस के दौरान सौरभ दास और उनके साथ आए लोगों को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करते देखा जा सकता है. माहौल गर्म होने के बाद सौरभ दास पीछे हटते हुए नजर आए. हालांकि, वायरल वीडियो में दिखाई देने वाली पूरी घटना को संदर्भ सहित समझना जरूरी है. वीडियो के आधार पर किसी व्यक्ति की पूरी भूमिका या घटना की पूरी पृष्ठभूमि तय नहीं की जा सकती.
स्थानीय लोगों का दावा- स्कूल में कोई समस्या नहीं
स्थानीय लोगों ने बातचीत के दौरान दावा किया कि स्कूल में किसी तरह की समस्या नहीं है. उनका कहना था कि बच्चे नियमित रूप से पढ़ाई कर रहे हैं और स्कूल में बाहरी लोगों के बार-बार आने से अनावश्यक विवाद की स्थिति बन रही है. हालांकि, स्कूल की वास्तविक स्थिति, शिक्षण व्यवस्था या किसी शिकायत की स्वतंत्र पुष्टि संबंधित शिक्षा विभाग की रिपोर्ट या आधिकारिक निरीक्षण के आधार पर ही की जा सकती है.
सौरभ दास ने सोशल मीडिया पर उठाए सवाल
घटना के बाद सौरभ दास ने सोशल मीडिया के जरिए इस मामले पर सवाल उठाया. उन्होंने स्कूल का गेट बंद होने और स्कूल में निरीक्षण को लेकर सवाल खड़े किए. उनकी ओर से यह जानने की कोशिश की गई कि आखिर स्कूल को बंद क्यों रखा गया था और निरीक्षण के दौरान उन्हें स्कूल परिसर में प्रवेश क्यों नहीं दिया गया.
पुलिस ने क्या कहा?
पुलिस के मुताबिक, कुछ लोगों के स्कूल पर पहुंचने की सूचना मिली थी. सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को समझाकर शांत कराया गया. पुलिस का कहना है कि मौके पर फिलहाल किसी तरह की कानून-व्यवस्था की समस्या नहीं है और स्थिति सामान्य है. पुलिस की प्राथमिकता मौके पर शांति व्यवस्था बनाए रखना रही.
क्या मामले में कोई FIR हुई?
उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इस घटनाक्रम में फिलहाल किसी FIR या गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को शांत कराया है. अगर किसी पक्ष की ओर से लिखित शिकायत दी जाती है, तो पुलिस उसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर सकती है.
वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
स्कूल के बाहर हुए विवाद का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. वीडियो में स्थानीय लोगों और सौरभ दास के साथ आए लोगों के बीच बहस दिखाई दे रही है. वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर घटना को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं. ऐसे में जरूरी है कि वायरल वीडियो के अलावा पुलिस, स्कूल प्रशासन और संबंधित शिक्षा विभाग के आधिकारिक पक्ष को भी देखा जाए.
आखिर विवाद की असली वजह क्या है?
फिलहाल सामने आई जानकारी के मुताबिक विवाद की मुख्य वजह सरकारी स्कूल में निरीक्षण को लेकर स्थानीय लोगों की आपत्ति बताई जा रही है. स्थानीय लोगों का कहना है कि बार-बार निरीक्षण के नाम पर स्कूल पहुंचने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती है, जबकि सौरभ दास की ओर से स्कूल की स्थिति और निरीक्षण को लेकर सवाल उठाए गए हैं. यानी एक तरफ स्थानीय लोग स्कूल के सामान्य संचालन और बच्चों की पढ़ाई का मुद्दा उठा रहे हैं, तो दूसरी तरफ सौरभ दास स्कूल में निरीक्षण और गेट बंद होने को लेकर सवाल कर रहे हैं.




