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कौन हैं कोच Naval Singh? जिन पर नीरज चोपड़ा ने लगाए गंभीर आरोप, मिल चुका है द्रोणाचार्य अवॉर्ड

भारतीय एथलेटिक्स में बड़ा विवाद सामने आया है, जहां नीरज चोपड़ा ने कोच नवल सिंह के खिलाफ मानसिक उत्पीड़न की शिकायत की. SAI को लिखी शिकायत के बाद एथलीट्स की सुरक्षा और सम्मान को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं.

कौन हैं कोच Naval Singh? जिन पर नीरज चोपड़ा ने लगाए गंभीर आरोप, मिल चुका है द्रोणाचार्य अवॉर्ड
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( Image Source:  X: @Navaldrona, ANI )
रूपाली राय
Edited By: रूपाली राय4 Mins Read

Updated on: 18 April 2026 11:10 AM IST

भारतीय खेल जगत में उस वक़्त हड़कंप मच गया जब शांत स्वाभाव वाले एथलीट नीरज चोपड़ा को मानसिक उत्पीड़न का सामना करना पड़ा. यह मानसिक उत्पीड़न किसी और के हाथों नहीं बल्कि जेवलिन कोच नवल सिंह के द्वारा सहना पड़ा. नीरज चोपड़ा और सुमित अंतिल जैसे दिग्गज एथलीटों ने नवल सिंह के खिलाफ मोर्चा उठाया. सभी खिलाड़ियों ने मिलकर भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) को लिखित शिकायत दी. जिसमें शराब पीकर गाली-गलौज, मानसिक उत्पीड़न और एथलीटों के परिवार के लिए अभद्र टिपण्णी करना शामिल है.

जब विश्व चैंपियन नीरज चोपड़ा ने इस मामले पर कड़ा रुख अपनाया, तो विवाद को नई मजबूती मिल गई. फिलहाल कोच नवल सिंह जेवलिन थ्रोअर सचिन यादव को ट्रेनिंग दे रहे हैं, लेकिन उनके अपमानजनक व्यवहार ने नीरज जैसे शांत स्वभाव वाले खिलाड़ी को भी आक्रोशित कर दिया. स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (SAI) को लिखे एक ईमेल में नीरज चोपड़ा ने अपनी गहरी निराशा जताते हुए कहा, 'मेरे, मेरे परिवार और साथी एथलीटों के खिलाफ इस्तेमाल की गई अपमानजनक भाषा ने पेशेवर मर्यादा और मानवीय शालीनता की सारी सीमाएं पार कर दी हैं. ऐसी टिप्पणियां सुनकर मैं स्तब्ध हूं.' नीरज ने साफ कहा कि एक जिम्मेदार पद पर बैठे व्यक्ति का ऐसा आचरण पूरे खेल व्यवस्था की छवि को खराब करता है. उन्होंने अधिकारियों से अनुरोध किया कि एथलीटों के सम्मान और मानसिक स्वास्थ्य की रक्षा के लिए एक मजबूत और संवेदनशील प्रणाली सुनिश्चित की जाए.

कौन हैं कोच नवल सिंह?

कोच नवल सिंह भारतीय खेल जगत में एक अनुभवी और प्रसिद्ध जेवलिन थ्रो (भाला फेंक) के कोच हैं. वे मुख्य रूप से पैरा-एथलीट्स (विकलांग एथलीट्स) को ट्रेनिंग देते हैं, लेकिन अब सामान्य एथलीट्स जैसे सचिन यादव को भी कोचिंग कर रहे हैं. नवल सिंह एक दिग्गज कोच हैं, जिन्हें द्रोणाचार्य अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है. यह पुरस्कार भारत में कोचिंग के क्षेत्र में सबसे बड़ा सम्मान माना जाता है. उन्होंने बहुत साल पहले जेवलिन थ्रो से प्यार किया और खुद खिलाड़ी बनने की बजाय कोचिंग को चुना. उन्होंने कई सफल पैरा-एथलीट्स को तैयार किया है, जिनमें शामिल हैं:

  • सुमित अंतिल- दो बार पैरालंपिक गोल्ड मेडलिस्ट और विश्व चैंपियनशिप में कई मेडल जीतने वाले एथलीट
  • नवदीप सिंह- पैरालंपिक गोल्ड मेडलिस्ट (2024 पेरिस) और विश्व चैंपियनशिप में मेडलिस्ट

इन एथलीट्स की सफलता में नवल सिंह की कोचिंग की बड़ी भूमिका रही है. उन्होंने तकनीक पर जोर देते हुए एथलीट्स को लंबे समय तक फिट रखने और चोटों से बचाने पर फोकस किया. उनकी कोचिंग शैली अनुशासन, धैर्य और सही तरीके से ट्रेनिंग पर आधारित बताई जाती है. वर्तमान में वे उभरते स्टार जेवलिन थ्रोअर सचिन यादव को ट्रेनिंग दे रहे हैं. सचिन यादव विश्व चैंपियनशिप में चौथा स्थान हासिल कर चुके हैं और प्रैक्टिस में 90 मीटर से ज्यादा थ्रो कर चुके हैं. कोच नवल सिंह का मानना है कि सचिन भारत के लिए नीरज चोपड़ा जैसे बड़े नाम बन सकते हैं.

क्या है नवल सिंह का बैकग्राउंड

नवल सिंह दिल्ली में रहते हैं और भारतीय एथलेटिक्स फेडरेशन (AFI) से जुड़े हैं. वे पैरा जेवलिन कोचिंग में विशेषज्ञ माने जाते हैं. उन्होंने कई अर्जुन अवॉर्ड विजेता और विश्व रिकॉर्ड धारक एथलीट्स तैयार किए हैं. उनकी कोचिंग से भारतीय जेवलिन थ्रो (खासकर पैरा कैटेगरी में) को काफी मजबूती मिली है.

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