Begin typing your search...

पहले दोस्ती, फिर प्यार और अब 9 साल बाद केरल के इस मंदिर में शादी, ऐसी है स्कॉटिश सांसद मार्टिन डे और निधिन की लव स्टोरी

ब्रिटेन में पढ़ाई के दौरान निधिन की मुलाकात मार्टिन डे से हुई और दोस्ती धीरे-धीरे रिश्ते में बदल गई. पहले से एक बेटे की मां निधिन ने कई मुश्किलों के बीच मार्टिन का साथ चुना और अब नौ साल बाद गुरुवायूर मंदिर में फिर शादी की रस्में निभाईं.

martin day and Nidhin Chandh
X
( Image Source:  x-@Adarsh4BJP )
हेमा पंत
Edited By: हेमा पंत6 Mins Read

Updated on: 20 Aug 2026 11:04 AM IST

स्कॉटिश सांसद मार्टिन डे और केरल की निधिन की प्रेम कहानी किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है. दोनों की पहली मुलाकात ब्रिटेन में हुई थी, जहां निधिन पढ़ाई के लिए गई थीं. शुरुआत में दोनों के बीच दोस्ती हुई, लेकिन कुछ ही समय बाद यह रिश्ता प्यार में बदल गया. खास बात यह है कि निधिन पहले से शादीशुदा थीं और उनका एक बेटा भी था. उस समय उनकी जिंदगी में नौकरी और वीजा से जुड़ी परेशानियां भी चल रही थीं, लेकिन मार्टिन ने उनका साथ नहीं छोड़ा.

दोनों ने करीब नौ साल पहले ब्रिटेन में कानूनी तौर पर शादी कर ली थी, लेकिन निधिन की इच्छा थी कि वह गुरुवायूर मंदिर में भी शादी की रस्में निभाएं. कई बार केरल आने के बावजूद बाढ़, कोरोना और पारिवारिक परेशानियों के कारण यह सपना पूरा नहीं हो सका. आखिरकार मंगलवार को दोनों ने त्रिशूर के प्रसिद्ध गुरुवायूर मंदिर में शादी की रस्में पूरी कीं और निधिन की सालों पुरानी ख्वाहिश पूरी हो गई.

कैसे हुई निधिन और मार्टिन की मुलाकात?

निधिन केरल के पिरावोम की रहने वाली हैं. उन्होंने इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग में बीटेक किया. इसके बाद वह आगे की पढ़ाई के लिए ब्रिटेन चली गईं, जहां उन्होंने आईटी मैनेजमेंट में मास्टर डिग्री की और बाद में पीएचडी भी पूरी की. ब्रिटेन में पढ़ाई के दौरान विदेशी छात्रों के वीजा नियमों में बदलाव हुए, जिसका असर निधिन पर भी पड़ा. उन्होंने इस मामले को लेकर संसद की समितियों के सामने अपनी बात रखी. इसी दौरान उनकी मुलाकात मार्टिन डे से हुई.

कैसे शुरू हुई लव स्टोरी?

उस समय मार्टिन डे ब्रिटेन की संसद में लिनलिथगो और ईस्ट फाल्कर्क इलाके के सांसद थे. वह स्कॉटिश नेशनल पार्टी (SNP) से जुड़े हुए हैं. फरवरी 2016 में मार्टिन और निधिन की मुलाकात हुई और शुरुआत में दोनों के बीच अच्छी दोस्ती हो गई. करीब दो महीने बाद मार्टिन ने निधिन के सामने अपने प्यार का इजहार किया और उनके साथ जिंदगी बिताने की इच्छा जताई. हालांकि, निधिन के लिए यह फैसला लेना आसान नहीं था. वह पहले ही तलाक ले चुकी थीं और उनका 12 साल का बेटा भी था. उस समय वह नौकरी और वीजा से जुड़ी परेशानियों से भी जूझ रही थीं. इन मुश्किल हालात के बावजूद मार्टिन ने उनका साथ दिया और इस रिश्ते को लेकर पीछे नहीं हटे.

निधिन के परिवार ने कैसे स्वीकार किया रिश्ता?

मार्टिन ने निधिन को अपने माता-पिता मार्गरेट डे और रॉन डे से मिलवाया. उनके माता-पिता ने निधिन का दिल से वेलकम किया और इस रिश्ते को अपना लिया. मार्टिन ने निधिन के बेटे वेदिक शंकर को भी अपने परिवार का हिस्सा माना और हमेशा उनका साथ दिया. अब वेदिक 22 साल के हैं. पढ़ाई पूरी करने के बाद वह एडिनबर्ग में Computershare कंपनी में सीनियर डेटाबेस एडमिनिस्ट्रेटर के तौर पर काम कर रहे हैं. वहीं निधिन मैनेजमेंट कंसल्टेंट के रूप में काम करती हैं और स्कॉटिश नेशनल पार्टी से जुड़े कई अभियानों में भी हिस्सा लेती हैं.

कौन हैं निधिन ?

निधिन केरल के पिरावोम की रहने वाली हैं. वह केएन चांडी और राजी की इकलौती बेटी हैं. उनके पिता केरल में वेटरिनरी फील्ड ऑफिसर के पद से रिटायर हुए हैं, जबकि उनकी मां राजी पंबाकुडा ग्राम पंचायत की पूर्व सदस्य रह चुकी हैं. निधिन ने इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद आगे की पढ़ाई के लिए विदेश का रुख किया. उन्होंने ब्रिटेन में मास्टर डिग्री के साथ पीएचडी भी पूरी की. पढ़ाई के बाद वह ब्रिटेन में काम करने लगीं और सामाजिक व राजनीतिक मामलों से भी जुड़ी रहीं.

नौ साल पहले ब्रिटेन में हुई थी शादी

निधिन की हमेशा से इच्छा थी कि उनकी शादी भगवान गुरुवायूरप्पन के मंदिर में हो. लेकिन वीजा और परिवार से जुड़ी कुछ परेशानियों के चलते दोनों ने करीब नौ साल पहले ब्रिटेन में शादी रजिस्टर करा ली थी. इसके बावजूद निधिन का मंदिर में शादी करने का सपना बना रहा. शादी के बाद मार्टिन कई बार केरल आए. उन्होंने 2018, 2019 और 2023 में राज्य का दौरा किया, लेकिन हर बार कोई न कोई वजह सामने आ गई और वह गुरुवायूर मंदिर नहीं जा सके. कभी बाढ़ ने रास्ता रोका, कभी कोरोना महामारी आ गई तो कभी परिवार में किसी की तबीयत खराब होने के कारण कार्यक्रम टल गया.

कौन हैं मार्टिन डे?

मार्टिन डे कई सालों से राजनीति और सार्वजनिक सेवा से जुड़े हुए हैं. उन्होंने 1999 से इस क्षेत्र में काम करना शुरू किया था. राजनीति में आने से पहले वह रिटेल बैंकिंग में नौकरी कर चुके हैं और स्थानीय स्तर पर काउंसलर भी रहे हैं. मार्टिन ब्रिटेन की संसद में तीन बार सांसद चुने गए और करीब नौ साल तक इस पद पर रहे. फिलहाल वह स्कॉटिश संसद के सदस्य हैं. इसके अलावा वह स्कॉटिश संसद में भारत से जुड़े ऑल-पार्टी पार्लियामेंट्री ग्रुप के चेयरमैन भी हैं.

कहां है गुरुवायूर मंदिर?

गुरुवायूर मंदिर केरल के त्रिशूर जिले में है और यह भगवान श्रीकृष्ण के प्रमुख मंदिरों में गिना जाता है. यहां भगवान विष्णु के बाल रूप यानी गुरुवायूरप्पन की पूजा होती है. देशभर से श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं. इसकी धार्मिक मान्यता इतनी खास है कि इसे ‘दक्षिण की द्वारका’ भी कहा जाता है. इसी मंदिर में शादी करना निधिन का कई साल पुराना सपना था. हालांकि दोनों ने करीब नौ साल पहले ब्रिटेन में शादी रजिस्टर करा ली थी, लेकिन गुरुवायूर मंदिर में शादी की उनकी इच्छा इस साल जाकर पूरी हुई.

अगला लेख