ये तो काली है... कौन हैं Jasmine Bhasin और राजस्थान के किस माता के मंदिर में जाकर मांगी दुआ- मुझे सुंदर बना दो
एक्ट्रेस जैस्मिन भसीन ने अपने बचपन से जुड़ा ऐसा किस्सा साझा किया है, जिसे सुनकर आप भी भावुक हो जाएंगे. सांवले रंग, पिंपल्स और दुबलेपन को लेकर ताने सुनने वाली जैस्मिन ने बचपन में भगवान से खूबसूरत बनने की प्रार्थना की थी. पॉडकास्ट में उन्होंने अपनी इनसिक्योरिटीज और भगवान पर अटूट विश्वास के बारे में भी बताया.
एक्ट्रेस जैस्मिन भसीन ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में अपने बचपन का किस्सा शेयर किया है, इस दौरान उनसे उनकी इनसिक्योरिटीज के बारे में बात की गई और एक एस्ट्रोलॉजर ने उनसे उनके विश्वास पर सवाल पूछा, जैस्मिन ने बताया कि हर प्रॉब्लम के समय में भगवान उनका साथ देते हैं.
इस दौरान जैस्मिन ने अपने बचपन का किस्सा शेयर करते हुए बताया कि पूरी जिंदगी वो अपने लुक्स को लेकर इनसिक्योर रही हैं. उन्होंने बचपन में इतना तक सुना है कि यह तो काली है, उन्होंने बताया कि उनके सांवले रंग और ब्राउन स्किन टोने के कारण उन्होंने ये सब झेला. उन्हें पिंपल्स थे, वह पतली थी, इस कारण भी उन्होंने तरह-तरह की बातें सुनी.
उस समय जैस्मिन को मालूम नहीं था कि वो मनोरंजन का दुनिया मनें आएंगी, लेकिन जो बाते वो सुनती थी, तो उन्हें बुरा लगता था. एक बार वो अपने पापा के साथ राजस्थान के इंद्रगढ़ में बिजासन माता मंदिर दर्शन के लिए गई थी, तब वो छेटी थी, वह मंदिर का सीढ़ियां पढ़ रही थी और उन्होंने भगवान से प्रार्थना की कि भगवान! मुझे इतना सुंदर बनाओ कि एक दिन लोग मुझसे मिलने की ख्वाहिश रखें,'.
बचपन में क्या बुरा लगता था?
जैस्मिन ने आगे बताया कि उन्हें नहीं पता कि उन्हें यह बताना चाहिए कि नहीं, लेकिन बचपन में उन्हें बुरा लगता था. लेकिन अगर उन्होंने कभी भगवान से कुछ मांगा है या किसी बात पर आंसू बहाए हैं, तो भगवान ने उस चीज का ध्यान रखा है. उन्हें किसी बात पर किसी खास जगह जाने की ज़रूरत नहीं पड़ी. जैस्मिन ने बताया कि यह सब हमारे अंदर है. और इस बात पर बेस्ड हैं कि आप उस समय किसी चीज़ को कितनी गहराई से चाहते हैं. "आप कहीं भी खड़े होकर प्रार्थना करें, यह सच होता है। मेरे साथ ऐसा होता है।"भगवान में अपनी आस्था के बारे में बात करते हुए, जैस्मिन भसीन ने कहा कि वह हमेशा से भगवान में विश्वास करती रही हैं। उन्होंने कहा, "मैं सभी भगवानों में विश्वास करती हूं, मैं उन सभी का सम्मान करती हूं."
'मैं सभी भगवानों के आगे सिर झुकाती हूं'
जैस्मिन ने बताया कि वो वह मंदिर, गुरुद्वारे, मस्जिद और सभी तरह की पवित्र जगहों पर जाती हैं. उन्होंने कहा, "मैं सभी भगवानों के आगे सिर झुकाती हूं. मुझे सभी पवित्र जगहों पर शांति मिलती है. मैं भगवान को एक नाम से डिफाइन नहीं कर सकती." दो साल पहले, जैस्मीन भसीन की कॉर्नियल स्किन को गंभीर नुकसान हुआ था और दोनों आंखों की रोशनी कुछ समय के लिए चली गई थी. ठीक होने के बाद, उन्होंने गुरुद्वारा हेमकुंड साहिब जाने का फैसला किया, जो गुरु गोबिंद सिंह को समर्पित एक बहुत ऊंचाई पर स्थित सिख तीर्थस्थल है. वहां उन्होंने अकेले ही यह ट्रेक किया और उन्हें लगता है कि यह सबसे खूबसूरत अनुभव है.यहाँ नवदुर्गा की सात बहनों की पूजा होती है, और मुख्य मंदिर के नीचे की तरफ दुर्गा की छह बहनों का भी मंदिर है.
बिजासन माता मंदिर की मान्यता और खासियत
राजस्थान के बूंदी जिले के इंद्रगढ़ कस्बे में स्थित बिजासन माता मंदिर एक प्राचीन और प्रसिद्ध सिद्धपीठ है. माता बिजासन को देवी दुर्गा का ही एक स्वरूप माना जाता है.मान्यता है कि देवी दुर्गा ने रक्तबीज नामक राक्षस का वध करने के बाद उसके सिर को आसन बनाकर उस पर विराजमान हुईं थीं, इसीलिए इन्हें 'बीजासन' माता कहा जाता है.मंदिर के गर्भ गृह (गुफा) में माता की जो मूर्ति है, उसे स्वयंभू (स्वयं प्रकट) माना जाता है.यह मंदिर लगभग 1000 से 2000 वर्ष से भी अधिक पुराना माना जाता है। बूंदी शासक राव शत्रुसाल के छोटे भाई इंद्रशाल द्वारा भी इस क्षेत्र में निर्माण कार्य कराए गए थे. हर साल नवरात्रि में यहां पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं.
कौन है जैस्मिन भसीन?
जैस्मीन भसीन भारतीय टेलीविजन और फिल्म जगत का एक बेहद लोकप्रिय और जाना-माना चेहरा हैं.जैस्मीन भसीन का जन्म 28 जून 1990 को कोटा, राजस्थान में एक मध्यमवर्गीय, शिक्षित सिख परिवार में हुआ था. उनके परिवार में उनके माता-पिता (सुरपाल भसीन और गुरमीत कौर भसीन) और एक छोटा भाई मनकरण सिंह है.
जैस्मीन ने अपनी स्कूली शिक्षा कोटा से ही पूरी की. इसके बाद, वह आगे की पढ़ाई के लिए जयपुर चली गईं, जहां उन्होंने एक प्रतिष्ठित कॉलेज से हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट (Hospitality Management) में ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल की. पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने कुछ समय तक मार्केटिंग और होटल इंडस्ट्री (जैसे दिल्ली के ताज पैलेस) में काम भी किया था.
जैस्मीन का एक्टिंग में आना एक सुखद इत्तेफाक था. कॉलेज के बाद उन्होंने प्रिंट और टीवी विज्ञापनों के लिए मॉडलिंग करना शुरू किया. एक ज्वेलरी विज्ञापन की शूटिंग के दौरान एक तमिल फिल्म निर्देशक की नजर उन पर पड़ी. उन्हें ऑडिशन के लिए बुलाया गया और साल 2011 में उन्होंने तमिल फिल्म 'वानम' (Vaanam) से अपने अभिनय करियर की शुरुआत की.
साउथ की कुछ और फिल्मों (जैसे कन्नड़, तेलुगु और मलयालम) में काम करने के बाद जैस्मीन ने हिंदी टेलीविजन की तरफ रुख किया। उन्हें असली पहचान 2015 के लोकप्रिय ज़ी टीवी शो 'टशन-ए-इश्क' में 'ट्विंकल तनेजा' के मुख्य किरदार से मिली. इसके बाद उन्होंने 'दिल से दिल तक' (टेनी के रूप में) और 'नागिन 4' जैसे कई सुपरहिट सीरियल्स में काम किया.
वह 'खतरों के खिलाड़ी' और 'बिग बॉस 14' जैसे बड़े रियलिटी शोज़ का भी हिस्सा रहीं, जिसने उन्हें घर-घर में मशहूर कर दिया. इसके बाद उन्होंने 2022 में फिल्म 'हनीमून' से अपना पंजाबी सिनेमा डेब्यू किया और कई हिट म्यूजिक वीडियोस में भी नजर आईं.




