आसमान खा गया या समुद्र निगल गया, आखिर कहां गायब हो गया पाकिस्तान का विमान? 5 क्रू मेंबर गायब, आखिरी 3 मिनट में ऐसा क्या हुआ? Detail

शारजाह से कराची आ रहा पाकिस्तान की K2 एयरवेज का कार्गो विमान कराची पहुंचने से पहले लापता हो गया. विमान में 5 क्रू मेंबर सवार थे. अभी तक प्लेन का कुछ पता नहीं लग पाया है.

Edited By :  समी सिद्दीकी
Updated On : 8 July 2026 2:52 PM IST

पाकिस्तान में मंगलवार रात एक बड़ा विमानन हादसा होने की आशंका जताई जा रही है. शारजाह से कराची आ रहा K2 एयरवेज का एक कार्गो विमान कराची पहुंचने से कुछ देर पहले अचानक लापता हो गया. विमान में पांच क्रू मेंबर सवार थे. पाकिस्तान एयरपोर्ट्स अथॉरिटी (PAA) के अनुसार, विमान के पायलट ने उड़ान के दौरान नेविगेशन सिस्टम में खराबी की सूचना दी थी, जिसके कुछ ही मिनट बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) से उसका संपर्क टूट गया.

विमान के लापता होने के बाद पाकिस्तान नेवी, एयर फोर्स और अन्य सरकारी एजेंसियों ने अरब सागर में बड़े स्तर पर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है. फिलहाल अधिकारियों ने विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने या किसी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है. वहीं, फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा और एविएशन विशेषज्ञों के शुरुआती विश्लेषण ने इस घटना को और गंभीर बना दिया है. हालांकि, अभी तक क्रू मेंबर्स के बारे में कुछ पता नहीं लग पाया है.

कैसे टूटा विमान से संपर्क?

पाकिस्तान एयरपोर्ट्स अथॉरिटी (PAA) के मुताबिक, मंगलवार रात करीब 9:18 बजे विमान के पायलट ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) को बताया कि विमान के नेविगेशन सिस्टम में तकनीकी खराबी आ गई है. इसके बाद कंट्रोल रूम ने विमान को सुरक्षित मार्गदर्शन देने की कोशिश की, लेकिन लगभग तीन मिनट बाद विमान से संपर्क पूरी तरह टूट गया. अधिकारियों के अनुसार, विमान को आखिरी बार कराची से करीब 155 नॉटिकल मील (लगभग 287 किलोमीटर) पश्चिम में ट्रैक किया गया था.

क्या जारी है सर्च ऑपरेशन?

विमान के लापता होने के बाद पाकिस्तान नेवी, एयर फोर्स और अन्य सरकारी एजेंसियों ने संयुक्त रूप से खोज अभियान शुरू किया है. राहत और बचाव दल लगातार संभावित क्षेत्र में तलाश कर रहे हैं. हालांकि, अब तक यह आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं हुई है कि विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ है या नहीं. विमान और उसमें सवार पांचों क्रू मेंबरों की स्थिति के बारे में भी कोई आधिकारिक जानकारी जारी नहीं की गई है.

फ्लाइट रडार डेटा में क्या दिखा?

फ्लाइट रडार 24 के शुरुआती डेटा के मुताबिक, संपर्क टूटने से पहले विमान की उड़ान में असामान्य बदलाव देखा गया. डेटा के अनुसार, विमान ने पहले अपनी ऊंचाई कम की. इसके बाद थोड़ी देर के लिए दोबारा ऊंचाई हासिल की. फिर अचानक तेजी से नीचे आने लगा. इन शुरुआती संकेतों के आधार पर अनुमान लगाया जा रहा है कि विमान अरब सागर में दुर्घटनाग्रस्त हुआ हो सकता है. हालांकि, इसकी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है.

एविएशन एक्सपर्ट ने क्या कहा?

एविएशन विशेषज्ञ इमरान असलम ने ARY न्यूज से बातचीत में कहा कि सामान्य परिस्थितियों में यदि विमान का इंजन फेल भी हो जाए, तब भी विमान कुछ दूरी तक ग्लाइड करता है. उनके अनुसार, विमान का इतनी तेजी से नीचे आना सामान्य स्थिति नहीं माना जाता. उन्होंने कहा कि वास्तविक कारण का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा.

कब शुरू हुई थी K2 एयरवेज?

K2 एयरवेज कराची स्थित एक निजी कार्गो एयरलाइन है, जिसकी शुरुआत मई 2018 में हुई थी. रिपोर्ट्स के अनुसार, हादसे का शिकार हुआ विमान 27 साल पुराना Boeing 737 था.

यह विमान वर्ष 2024 में एयरलाइन के बेड़े में शामिल किया गया था यही कंपनी का एकमात्र विमान था. इस विमान ने अपनी पिछली उड़ान 28 जून को भरी थी. K2 एयरवेज ने कहा है कि वह पाकिस्तान सिविल एविएशन अथॉरिटी और अन्य सरकारी एजेंसियों के साथ जांच और सर्च ऑपरेशन में पूरा सहयोग कर रही है.

क्या होता है नेविगेशन सिस्टम?

नेविगेशन सिस्टम वह तकनीकी व्यवस्था है, जो विमान को निर्धारित मार्ग पर सुरक्षित उड़ाने में पायलट की मदद करती है. यह विमान की लोकेशन, दिशा, ऊंचाई और तय रूट की जानकारी उपलब्ध कराता है. इसके लिए कई तकनीकों का इस्तेमाल किया जाता है, जिनमें शामिल हैं: GPS (ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम), इनर्शियल नेविगेशन सिस्टम (INS), रेडियो बीकन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक सेंसर.

नेविगेशन सिस्टम खराब होने पर क्या होता है?

यदि उड़ान के दौरान नेविगेशन सिस्टम में खराबी आ जाए, तो सामान्य प्रक्रिया के तहत पायलट तुरंत एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) को इसकी जानकारी देता है. इसके साथ ही बैकअप नेविगेशन सिस्टम और कॉकपिट के अन्य उपकरणों की मदद से उड़ान जारी रखने की कोशिश की जाती है. ATC रडार के माध्यम से विमान की स्थिति देखकर पायलट को दिशा, ऊंचाई और सुरक्षित लैंडिंग के निर्देश देता है. यदि केवल नेविगेशन सिस्टम में खराबी हो और बाकी सभी सिस्टम सामान्य हों, तो अधिकांश मामलों में विमान सुरक्षित उतार लिया जाता है.

लेकिन यदि इसके साथ संचार प्रणाली (Communication) भी फेल हो जाए, मौसम खराब हो या कोई अन्य तकनीकी खराबी भी आ जाए, तो स्थिति गंभीर हो सकती है और इमरजेंसी घोषित करनी पड़ सकती है.

क्या इससे पहले हो चुका है विमान हादसा?

इससे पहले मई 2020 में पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस (PIA) का एक यात्री विमान कराची में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था. उस हादसे में 97 लोगों की मौत हुई थी. बाद में हुई आधिकारिक जांच में दुर्घटना के लिए पायलट, सह-पायलट और एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) की मानवीय गलती को जिम्मेदार माना गया था.

Similar News