अमेरिका में करीब 48 साल बिताने के बाद दिल्ली लौटे बुजुर्ग एनआरआई दंपत्ति डॉ. ओम तनेजा और डॉ. इंदिरा तनेजा को साइबर ठगों ने 17 दिनों तक ‘डिजिटल अरेस्ट’ में रखकर करीब 15 करोड़ रुपये की ठगी का शिकार बनाया. ठगों ने खुद को ईडी, सीबीआई और इनकम टैक्स विभाग का अधिकारी बताकर इस वारदात को अंजाम दिया. पूरे मामले पर स्टेट मिरर हिंदी के एडिटर क्राइम इनवेस्टीगेशन संजीव चौहान ने डॉ. पवन दुग्गल से बात की. साइबर एक्सपर्ट के अनुसार, इस मामले ने भारत की एंटी-साइबर एजेंसियों और बैंकों की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. यह घटना साइबर सुरक्षा कानूनों की कमजोरियों को उजागर करती है.