एशियन गेम्स 2026 में भारत और चीन के बीच महिला हॉकी के फाइनल मुकाबले से पहले अव्यवस्था देखने को मिली. दोनों टीमों की बसें ट्रैफिक जाम में फंस गईं, जिसके कारण निर्धारित समय पर मैच शुरू नहीं हो सका. शुक्रवार को होने वाला यह मुकाबला तय समय से 60 मिनट यानी 1घंटे की देरी से शुरू हुआ.

आयोजन स्थल पर इसकी घोषणा भी की गई. टीमों को गिफू प्रीफेक्चरल ग्रीन स्टेडियम पहुंचने में देरी हुई, जहां पुरुष और महिला हॉकी प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं.

ट्रैफिक जाम ने बिगाड़ा मैच का शेड्यूल

एक अधिकारी ने नाम सार्वजनिक नहीं करने की शर्त पर बताया कि टीमों की बसों से जुड़ी कोई दुर्घटना नहीं हुई थी. हालांकि, एक अन्य दुर्घटना के कारण सड़क पर जाम लग गया और दोनों टीमों को स्टेडियम पहुंचने में देरी हुई. भारत और चीन के बीच फाइनल मुकाबला स्थानीय समयानुसार पहले शाम 7 बजे (भारतीय समयानुसार 3:30 बजे) शुरू होना था, लेकिन देरी के कारण इसे शाम 8:00 बजे (भारतीय समयानुसार 4:30 बजे) शुरू किया गया.

आयोजन स्थल पर हुई घोषणा में मैच के नए समय की पुष्टि की गई. इस घटना ने एशियन गेम्स में आयोजन और खिलाड़ियों के समय पर पहुंचने की व्यवस्था पर सवाल खड़े किए.

1982 के बाद गोल्ड जीतने का भारत के पास मौका

भारतीय महिला हॉकी टीम के लिए यह फाइनल बेहद अहम है. भारत ने एशियाई खेलों में महिला हॉकी का स्वर्ण पदक आखिरी बार 1982 में जीता था. इसके बाद टीम 1998 और 2018 में फाइनल तक पहुंची, लेकिन दोनों बार उसे हार का सामना करना पड़ा. 1998 में दक्षिण कोरिया और 2018 में जापान ने भारत का स्वर्ण पदक जीतने का सपना तोड़ दिया था. ऐसे में चीन के खिलाफ फाइनल में जीत हासिल कर भारतीय टीम के पास लंबे इंतजार को खत्म करने का मौका है.

सेमीफाइनल में भारत और चीन ने दिखाई ताकत

फाइनल से पहले भारत और चीन दोनों ने अपने-अपने पूल में शानदार प्रदर्शन किया था. हालांकि, सेमीफाइनल में दोनों टीमों को कड़ी चुनौती का सामना करना पड़ा. चीन और जापान के बीच सेमीफाइनल मुकाबला निर्धारित समय तक गोलरहित बराबरी पर रहा. इसके बाद शूटआउट में चीन ने जापान को 4-2 से हराकर फाइनल में जगह बनाई. 

वहीं, भारतीय टीम ने दक्षिण कोरिया के खिलाफ सेमीफाइनल में 2-0 से जीत दर्ज की. मैच के तीसरे क्वार्टर के आखिरी हिस्से में इशिका चौधरी ने गोल कर भारत को बढ़त दिलाई. इसके बाद कप्तान सलीमा टेटे ने चौथे क्वार्टर में दूसरा गोल दागकर टीम की जीत सुनिश्चित कर दी.  इस जीत के साथ भारत ने फाइनल में जगह बनाई और चीन के खिलाफ स्वर्ण पदक जीतने की उम्मीदें मजबूत कीं. हालांकि, फाइनल से पहले ट्रैफिक जाम के कारण हुई देरी ने आयोजन की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए.