आज गांधी जयंती है और इस मौके पर देशभर में महात्मा गांधी को याद किया जा रहा है. 2 अक्टूबर 1869 को जन्मे गांधी जी का जन्मांक यानी मूलांक 2  है. अंक ज्योतिष में मूलांक 2 का संबंध चंद्रमा से बताया जाता है. इस अंक को शांत स्वभाव, संवेदनशीलता और दूसरों को समझने की क्षमता से जोड़ा जाता है.

हालांकि, मूलांक 2 वालों में कुछ कमियां भी बताई जाती हैं. कहा जाता है कि ये लोग छोटी-छोटी बातों को दिल पर ले लेते हैं, भावनाओं से जल्दी प्रभावित हो सकते हैं और कई बार फैसला लेने में असमंजस की स्थिति में पड़ जाते हैं. अब गांधी जी के मूलांक 2 से जानते हैं इस अंक वालों की खूबियां, कमियां और स्वभाव के बारे में.

मूलांक 2 का स्वामी कौन?

महात्मा गांधी के व्यक्तित्व को याद करें तो उनकी छवि एक ऐसे नेता की रही, जिन्होंने मुश्किल परिस्थितियों में भी धैर्य, बातचीत और अहिंसा का रास्ता अपनाया. अंक ज्योतिष की मान्यता के अनुसार, महीने की 2, 11, 20 या 29 तारीख को जन्म लेने वाले लोगों का मूलांक 2 होता है. इस अंक के स्वामी के रूप में चंद्रमा का नाम लिया जाता है. यही कारण है कि मूलांक 2 वाले लोगों को आमतौर पर शांत, संवेदनशील और भावुक स्वभाव का माना जाता है. कहा जाता है कि ये लोग दूसरों की भावनाओं को जल्दी समझ लेते हैं और रिश्तों में सामंजस्य बनाए रखने की कोशिश करते हैं.

कैसा होता है स्वभाव?

मूलांक 2 वालों से जब कोई बातचीत करता है, तो उनके शांत अंदाज और मीठी बातों का असर आसानी से महसूस किया जा सकता है. ये लोग छोटी-छोटी बातों पर तुरंत भड़कने या बिना सोचे जवाब देने के बजाय पहले पूरी स्थिति को समझने की कोशिश करते हैं. किसी परेशानी में फंसे व्यक्ति की बात ध्यान से सुनना और फिर सही सलाह देना इनके स्वभाव का हिस्सा माना जाता है. इसी वजह से परिवार या दोस्तों के बीच इन्हें अक्सर ऐसा व्यक्ति माना जाता है, जो दो लोगों के बीच बिगड़ी बात को संभाल सकता है और समझौते की राह निकाल सकता है.

दिल से सोचने की आदत

मूलांक 2 वालों के स्वभाव में भावनाओं की खास जगह मानी जाती है. किसी अपने के चेहरे पर परेशानी देखकर ये लोग बिना ज्यादा कुछ कहे भी उसकी स्थिति समझने की कोशिश करते हैं. रिश्तों को इनके लिए खास महत्व दिया जाता है और अपनों की खुशी-दुख से खुद को जोड़ लेना इनके स्वभाव का हिस्सा माना जाता है. यही संवेदनशीलता कई बार इतनी गहरी हो जाती है कि सामने वाले का दर्द भी इन्हें अपना सा महसूस होने लगता है.

क्या होती हैं मूलांक 2 में कमियां?

लेकिन हर सिक्के के दो पहलू होते हैं और मूलांक 2 वालों के साथ भी ऐसा ही माना जाता है. अंक ज्योतिष के अनुसार, इनकी संवेदनशीलता कई बार इनकी कमजोरी बन सकती है. ये लोग दूसरों की बातों को जल्दी दिल पर ले लेते हैं और छोटी-सी बात भी इनके मूड पर असर डाल सकती है. कई बार भावनाओं में उलझकर इन्हें किसी फैसले तक पहुंचने में समय लगता है. यही असमंजस और बार-बार बदलता मन इनके लिए परेशानी की वजह बन सकता है.

मूलांक 2 की ताकत?

मूलांक 2 वालों की ताकत सिर्फ उनकी नरम आवाज या शांत स्वभाव में नहीं, बल्कि मुश्किल वक्त में खुद को संभालने के तरीके में भी मानी जाती है. जब हालात बिगड़ते हैं, तो ये लोग शोर मचाने या अपनी ताकत दिखाने के बजाय पहले स्थिति को समझते हैं और फिर सोच-समझकर आगे बढ़ते हैं. धैर्य के साथ सही समय का इंतजार करना और बिना जल्दबाजी के रास्ता निकालना इनके स्वभाव की खासियत बताई जाती है. अंक ज्योतिष में इसी समझदारी और धैर्य को मूलांक 2 की बड़ी ताकत माना जाता है.