तेज रफ्तार, जोरदार टक्कर और फिर महिला के साथ छेड़छाड़.... 7 पॉइंट्स में जानें गुरुग्राम फ्लाईओवर की खौफनाक कहानी
राजीव चौक फ्लाईओवर पर तेज रफ्तार और अचानक ब्रेक लगाने के कारण कई वाहनों की टक्कर हो गई. इस दौरान कई युवकों ने एक महिला के साथ छेड़छाड़ की.
Gurugram flyover incident
गुरुग्राम के राजीव चौक फ्लाईओवर पर शनिवार शाम एक मामूली सड़क दुर्घटना ने भयानक रूप ले लिया. तेज रफ्तार और अचानक ब्रेक लगाने के कारण कई वाहनों की टक्कर हो गई, जिसके बाद मामला सड़क पर हिंसक झड़प और गंभीर आपराधिक घटना में बदल गया. इस दौरान एक महिला के साथ छेड़छाड़ और धमकी देने के आरोप सामने आए हैं.
पुलिस के अनुसार यह घटना रात करीब 8:10 बजे हुई. मामले में कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि पूरी घटना की जांच जारी है. आइए जानते हैं इस सनसनीखेज मामले से जुड़ी 7 बड़ी बातें.
1. घटना की शुरुआत उस समय हुई जब एक वाहन ने अचानक ब्रेक लगाया, जिससे पीछे चल रहे वाहनों में टक्कर की स्थिति बन गई. कुछ ही सेकंड में यह मामूली हादसा बड़े सड़क विवाद में बदल गया. घटना स्थल पर मौजूद लोगों के अनुसार, तेज रफ्तार वाहनों की वजह से स्थिति और गंभीर हो गई.
2. चश्मदीद के मुताबिक एक काली एमजी हेक्टर कथित तौर पर 100 किमी प्रति घंटे से अधिक की रफ्तार से आ रही थी. यह वाहन समय पर नहीं रुक पाया और आगे चल रही गाड़ियों से टकरा गया, जिससे कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए. टक्कर इतनी जोरदार थी कि एमजी हेक्टर के एयरबैग खुल गए और उसमें सवार एक व्यक्ति का जबड़ा भी टूट गया.
3. दुर्घटना के बाद 40 वर्षीय महिला अपनी स्कोडा कार में घर जा रही थीं. जैसे ही स्थिति थोड़ी शांत हुई, एमजी हेक्टर आगे बढ़ी और उनकी कार को रोक लिया गया. इसके बाद पांच लोग वाहन से बाहर निकले और महिला को घेर लिया.
4. महिला ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि आरोपी नशे में थे और बेहद आक्रामक व्यवहार कर रहे थे. उन्होंने महिला को गालियां दीं, अश्लील इशारे किए और उसे झूठे आरोपों में फंसाने की धमकी दी. आरोप है कि आरोपियों ने घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल करने की भी धमकी दी.
5. स्थिति तब और बिगड़ गई जब आरोपियों में से एक ने महिला की कार का शीशा तोड़ दिया और उसे धक्का दिया. महिला ने आरोप लगाया कि उसके साथ गलत तरीके से छेड़छाड़ करने का प्रयास भी किया गया. इसके अलावा, उसे चलती गाड़ी के सामने फेंकने की धमकी भी दी गई.
6. आसपास मौजूद लोगों ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन वे आरोपियों को रोकने में सफल नहीं हो सके. स्थिति लगातार बिगड़ती रही और माहौल तनावपूर्ण हो गया. पीड़िता ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस कंट्रोल रूम में बार-बार कॉल करने के बावजूद तुरंत सहायता नहीं मिली.
7. करीब 8:15 बजे के आसपास पुलिस को सूचना मिली, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.




